कलेक्टर ने बैंकर्स एवं विभागीय अधिकारियों की बैठक में की समीक्षा*
*कलेक्टर ने बैंकर्स एवं विभागीय अधिकारियों की बैठक में की समीक्षा*

*वित्तीय वर्ष समाप्ति के पूर्व लक्ष्य मुताबिक समस्त प्रकरणों के निराकरण के दिए निर्देश*
रिपोर्टर – एम पी सी जी Sky इंडिया टीवी से एमपी हेड मोहम्मद शमीम अहमद खान की रिपोर्ट
पन्ना कलेक्टर ऊषा परमार ने बुधवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में बैंकर्स और विभागीय अधिकारियों के साथ बैठक की। डीएलसीसी की त्रैमासिक बैठक के मौके पर संबंधित विभाग के अधिकारियों और बैंकर्स को समन्वय के साथ वर्तमान वित्तीय वर्ष के शेष कार्य दिवसों में लंबित प्रकरणों के
अनिवार्यतः
निराकरण के संबंध में निर्देशित किया गया। जिला कलेक्टर ने प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना सहित मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना, पशुपालन विभाग की कामधेनू एवं आचार्य विद्यासागर योजना, मत्स्यपालन विभाग एवं जिला अंत्यावसायी समिति द्वारा संचालि योजनाओं के साथ जिला शहरी विकास अभिकरण के माध्यम से संचालित पीएम स्वनिधि योजना आदि की समीक्षा की। इस दौरान आजीविका मिशन अंतर्गत बैंक लिंकेज कार्य में प्रगति लाने तथा समस्त स्वसहायता समूह के बैंक खाता खुलवाने के लिए निर्देशित किया गया। बैठक में मुद्रा लोन के तहत ऋण वितरण के संबंध में जानकारी लेकर पीएम विश्वकर्मा योजना में अतिन्यून प्रगति पर नाराजगी व्यक्त की।
कलेक्टर श्रीमती परमार ने कहा कि बैंकर्स प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी 2.0 अंतर्गत बैंक की ब्याज सब्सिडी स्कीम के बारे में भी लोगों को जागरूक व प्रेरित कर हाउसिंग लोन का वितरण सुनिश्चित कराएं। उन्होंने कहा कि लक्ष्य अनुरूप सभी रोजगारपरक योजनाओं में बैंक लेवल पर लंबित प्रकरणों का समयावधि में निराकरण कर पात्रता अनुसार लंबित प्रकरण स्वीकृत हों। किसी भी स्थिति में बैंक शाखाओं में 60 दिवस से अधिक समय के प्रकरण लंबित न रहें। बैठक में विकासखंड स्तरीय आयोजित बीएलसीसी बैठक के माध्यम से की गई कार्यवाही की जानकारी लेकर आगामी दिवसों में ब्लॉक लेवल की बैठक में सारगर्भित चर्चा कर निराकरण के संबंध में प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए गए। हितग्राहियों को बैंक व विभाग स्तर पर भी हरसंभव अपेक्षित सहयोग प्रदान करने के लिए निर्देशित किया गया। लक्ष्य पूर्ण न करने पर सख्त कार्यवाही की चेतावती भी दी। इस अवसर पर गत बैठक के पालन प्रतिवेदन पर चर्चा कर फसल बीमा योजनाओं के लाभ, विभिन्न स्थानों पर वित्तीय जागरूकता शिविर आयोजित करने, सीएम हेल्पलाइन शिकायतों का प्राथमिकता के साथ निराकरण, बैंक वसूली पर फोकस करने, दुग्ध उत्पादक किसानों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की कार्ययोजना तैयार करने, आरसेटी संस्थान द्वारा प्रशिक्षण प्राप्त हितग्राहियों को प्राथमिकता के साथ लोन वितरण इत्यादि के संबंध में भी आवश्यक निर्देश दिए गए। बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी उमराव सिंह मरावी एवं जिला अग्रणी बैंक प्रबंधक शमा बानो सहित संबंधित विभागीय अधिकारीगण तथा बैंकर्स उपस्थित रहे।
